@ मुंबई महाराष्ट्र
22 नवंबर 24 को नौसेना डॉकयार्ड, मुंबई में छठे मिसाइल एवं गोला बारूद बजरा, LSAM 12 (यार्ड 80) का प्रेरण समारोह आयोजित किया गया। इस समारोह की अध्यक्षता पश्चिमी नौसेना कमान मुख्यालय के कमांड रिफिट ऑफिसर कमोडोर अभिरूप मजूमदार ने की।

मैसर्स सेकॉन इंजीनियरिंग प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड, विशाखापत्तनम, एक लघु सुक्ष्म एवं मध्यम शिपयार्ड उपक्रम ने 19 फरवरी 24 को आठ एमसीए बजरों का निर्माण का अनुबंध पूरा किया।
शिपयार्ड ने एक भारतीय जहाज डिजाइनिंग फर्म के सहयोग से इन बजरों के स्वदेशी रूप को डिजाइन किया और नौसेना विज्ञान और तकनीकी प्रयोगशाला, विशाखापत्तनम में इनका सफलतापूर्वक मॉडल-परीक्षण किया ताकि इनकी समुद्री योग्यता सुनिश्चित की जा सके। इन बजरों का निर्माण भारतीय नौवहन रजिस्टर के संगत नौसेना नियमों और विनियमों के अनुसार किया गया है। ये बजरे भारत सरकार की ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ पहल के गौरवशाली ध्वजवाहक हैं।
इन बजरों के शामिल होने से भारतीय नौसेना की परिचालन क्षमता में वृद्धि होगी क्योंकि इससे जेटी के किनारे और बाहरी बंदरगाहों पर भारतीय नौसेना के प्लेटफार्मों तक वस्तुओं/गोला-बारूद के परिवहन, चढ़ने और उतरने में सुविधा होगी।

