@ भोपाल मध्यप्रदेश :-
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता यश भारतीय ने शनिवार को रानी कमलापति (पूर्व में हबीबगंज) रेलवे स्टेशन की बदहाली और यात्री सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन व रेलवे प्रबंधन को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि “वर्ल्ड क्लास” स्टेशन के नाम पर स्टेशन को निजी हाथों में तो सौंप दिया गया, लेकिन सुविधाओं के नाम पर आम जनता को सिर्फ ‘झुनझुना’ पकड़ाया गया है।

लिफ्ट बन सकती है मौत का कारण :
यश भारतीय ने मौके के साक्ष्यों का हवाला देते हुए बताया कि प्लेटफॉर्म नंबर 1 पर अन्य प्लेटफॉर्मों को जोड़ने वाली लिफ्ट बंद है, लेकिन उसके दरवाजे एक स्टेप नीचे खुले हुए हैं। हाल ही में भोपाल में हुए एक लिफ्ट हादसे में 6 पत्रकार घायल हुए थे, उस घटना के बावजूद प्रशासन ने कोई सबक नहीं लिया है। यात्री अनजाने में लिफ्ट के अंदर घुस रहे हैं और लिफ्ट न चलने पर बाहर आ रहे हैं, जो किसी भी समय एक भीषण दुर्घटना का कारण बन सकता है।
प्लेटफॉर्म 3 पर भारी भीड़ और खराब डिस्प्ले :
उन्होंने आगे बताया कि प्लेटफॉर्म नंबर 3 पर केवल एक ही लिफ्ट कार्य कर रही है, जिसके कारण बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों की भारी भीड़ जमा हो रही है। इसके साथ ही, स्टेशन पर कोच पोजीशन डिस्प्ले खराब पड़े हैं, जिससे यात्रियों को अपना कोच ढूंढने में दिक्कत हो रही है और ट्रेन आने पर भगदड़ की स्थिति निर्मित हो रही है।
स्टेशन के नाम पर विज्ञापनों का कब्जा:
गंभीर सवाल उठाते हुए श्री भारतीय ने कहा कि आंबेडकर पुल से देखने पर रानी कमलापति स्टेशन का नाम कहीं दिखाई नहीं देता, वहां केवल ‘बंसल’ और ‘हयात प्लाजा’ के बोर्ड चमक रहे हैं। ऐसा प्रतीत होता है कि स्टेशन का निजीकरण केवल कॉरपोरेट लाभ के लिए किया गया है, आम यात्रियों की सुविधा के लिए नहीं।
यश भारतीय ने चेतावनी देते हुए कहा कि जिला प्रशासन और रेलवे प्रशासन को इस अव्यवस्था की जवाबदेही तुरंत तय करनी चाहिए। यदि जल्द ही लिफ्ट की मरम्मत और यात्री सुविधाएं बहाल नहीं की गईं, तो किसी भी अनहोनी की पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
