@ नई दिल्ली :-
स्कूलों को बच्चों के लिए अधिक सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से दिल्ली पुलिस ने #स्मार्टबच्चे अभियान के तहत मास्टर ट्रेनर्स के लिए विशेष प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया।
इस कार्यक्रम का लक्ष्य शिक्षकों की क्षमता को मजबूत बनाना और उन्हें बाल सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण कानूनों एवं सुरक्षा उपायों की विस्तृत जानकारी देना था।

प्रशिक्षण सत्र के दौरान शिक्षकों को POCSO Act, चाइल्ड सेफ्टी, स्कूल सेफ्टी तथा साइबर सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं पर विशेषज्ञों द्वारा प्रशिक्षण दिया गया। अधिकारियों ने बच्चों के साथ होने वाले अपराधों की पहचान, शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया, ऑनलाइन खतरों से बचाव तथा सुरक्षित डिजिटल व्यवहार के बारे में विस्तार से जानकारी साझा की।
दिल्ली पुलिस का कहना है कि शिक्षक बच्चों के जीवन में सबसे महत्वपूर्ण मार्गदर्शकों में शामिल होते हैं। ऐसे में यदि उन्हें बाल अधिकारों, सुरक्षा कानूनों और साइबर अपराधों से संबंधित पर्याप्त जानकारी होगी तो वे किसी भी संभावित खतरे की समय रहते पहचान कर प्रभावी कार्रवाई कर सकेंगे।
अभियान का उद्देश्य स्कूलों में ऐसा वातावरण तैयार करना है, जहां प्रत्येक छात्र स्वयं को सुरक्षित, सम्मानित और निडर महसूस करे। दिल्ली पुलिस ने कहा कि शिक्षकों, अभिभावकों और प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से ही बच्चों के लिए सुरक्षित, सकारात्मक और बेहतर शिक्षण वातावरण सुनिश्चित किया जा सकता है।

