@ नई दिल्ली :-
मानसिक स्वास्थ्य और न्यूरो रिहैबिलिटेशन के क्षेत्र में कार्यरत चेतना फाउंडेशन ने रविवार को स्पाइनल हॉस्पिटल, वसंत कुंज में तीसरे इंडियन न्यूरो रिहैबिलिटेशन कॉन्फ्रेंस (Occupational Therapy) का सफल आयोजन किया।

इस कॉन्फ्रेंस में देशभर से आए विशेषज्ञों, डॉक्टरों, ऑक्यूपेशनल थैरेपिस्टों और विद्यार्थियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान न्यूरो रिहैबिलिटेशन की नवीन तकनीकों, शोध और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों पर गहन चर्चा की गई।
चेतना फाउंडेशन की स्थापना वर्ष 2003 में हुई थी और यह एक गैर-सरकारी संगठन है जो मानसिक स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दिलाने के उद्देश्य से कार्य कर रहा है।
संस्था ने अब तक देश के कई शहरों में काउंसलिंग यूनिट्स, लाइफ स्किल्स प्रशिक्षण, शिक्षक प्रशिक्षण और लैंगिक संवेदनशीलताकार्यक्रमों के माध्यम से हज़ारों लोगों को लाभान्वित किया है।
संयुक्त राष्ट्र के सस्टेनेबल डेवलपमेंट गोल्स से जुड़े अपने कार्यक्रमों के जरिए यह फाउंडेशन मानसिक स्वास्थ्य, शिक्षा, लैंगिक समानता और सामाजिक न्याय को मज़बूती प्रदान कर रहा है।
प्रमुख कार्यक्षेत्र
चेतना फाउंडेशन मुख्यतः निवारक मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रमों (Preventive Mental Health Interventions) पर काम करता है। इसके अंतर्गत—
काउंसलिंग यूनिट्स: विद्यालयों व संस्थानों में व्यक्तिगत व समूह परामर्श।
लाइफ स्किल्स प्रशिक्षण: माध्यमिक विद्यालयों के बच्चों के लिए जीवन कौशल शिक्षा।
शिक्षक प्रशिक्षण: बाल मनोविज्ञान, विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की पहचान और वैकल्पिक शिक्षण पद्धतियाँ।
लैंगिक संवेदनशीलता कार्यक्रम: कार्यस्थलों पर लैंगिक समानता, यौन उत्पीड़न की रोकथाम और प्रजनन स्वास्थ्य अधिकार।
“फर्स्ट एड इन काउंसलिंग” मॉडल: प्रारम्भिक मानसिक सहयोग देने हेतु प्रशिक्षण। आर्ट ऑफ फॉरगिवनेस कार्यक्रम: तनाव कम करने और रिश्तों में सामंजस्य स्थापित करने का प्रयास।

कार्यक्षेत्र और पहुँच
चेतना फाउंडेशन ने मुंबई, पुणे, नागपुर, दिल्ली, अहमदाबाद और बड़ौदा सहित कई शहरों में उल्लेखनीय कार्य किया है। इनकी साझेदारी नोमुरा, अल्ट्राटेक सीमेंट , CEAT , RPG, Lanxess, ORIX, Each One Teach One, SNEHA, CCDT जैसे प्रतिष्ठित कॉरपोरेट्स और एनजीओ से रही है। इसके माध्यम से हज़ारों छात्र, शिक्षक, कर्मचारी और समुदाय के लोग लाभान्वित हो चुके हैं।
चेतना फाउंडेशन ने न केवल मानसिक स्वास्थ्य के क्षेत्र में नई राहें खोली हैं बल्कि न्यूरो रिहैबिलिटेशन जैसे जटिल विषय को समाज के केंद्र में लाने का साहसिक प्रयास किया है। तीसरे इंडियन न्यूरो रिहैबिलिटेशन कॉन्फ्रेंस का सफल आयोजन इसकी दूरदर्शिता, प्रतिबद्धता और सामाजिक सरोकार का उत्कृष्ट उदाहरण है। यह संस्था सचमुच समाज के लिए प्रेरणा और मानसिक स्वास्थ्य की दिशा में एक मजबूत स्तंभ बनकर उभर रही है।

