@ नई दिल्ली
हैदराबाद के राजीव गांधी इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए तीसरे टी-20 मैच में भारत ने बांग्लादेश को 133 रनों से हराकर तीन मैचों की सीरीज में 3-0 से क्लीन स्वीप कर लिया। भारत की इस शानदार जीत में संजू सैमसन और सूर्यकुमार यादव के तूफानी प्रदर्शन ने अहम भूमिका निभाई।

टॉस जीतकर भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। भारतीय टीम ने इस फैसले को सही साबित करते हुए मात्र 6 विकेट के नुकसान पर 297 रन बना दिए, जो टी-20 इंटरनेशनल क्रिकेट में भारत का सबसे बड़ा स्कोर है।
संजू सैमसन ने ताबड़तोड़ बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 40 गेंदों में शतक ठोका और 47 गेंदों पर 111 रनों की पारी खेली। उनकी इस पारी में चौके और छक्कों की भरमार रही, जिससे दर्शकों ने खूब आनंद लिया। सूर्यकुमार यादव ने भी 35 गेंदों में 75 रनों की तेजतर्रार पारी खेली।
इनके बाद, रियान पराग ने 13 गेंदों पर 34 रन बनाए और हार्दिक पांड्या ने 18 गेंदों में 47 रनों की आक्रामक पारी खेली। इन सभी पारियों की बदौलत भारतीय टीम ने 20 ओवर में 297 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया।
भारत के दिए 298 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी बांग्लादेश की टीम को शुरुआत में ही बड़ा झटका लगा। पहले ओवर की पहली ही गेंद पर मयंक यादव ने बांग्लादेश के ओपनर परवेज हुसैन इमोस को गोल्डन डक पर चलता कर दिया। इसके बाद बांग्लादेश की टीम लगातार अंतराल पर विकेट गंवाती रही और वापसी का मौका नहीं बना पाई।
बांग्लादेश की ओर से Towhid Hridoy ने सबसे बड़ी पारी खेलते हुए 42 गेंदों पर 63 रन बनाए। उन्होंने एक छोर से विकेट्स के गिरते क्रम के बीच संघर्ष किया, लेकिन टीम को जीत की ओर नहीं ले जा सके। उनकी यह पारी बांग्लादेश के लिए एकमात्र सकारात्मक बात थी।
बांग्लादेश की पूरी टीम 20 ओवर में 7 विकेट खोकर केवल 164 रन बना सकी, और भारत ने 133 रनों के बड़े अंतर से जीत दर्ज की। भारत की गेंदबाजी और फील्डिंग ने भी मैच में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे बांग्लादेश की टीम बड़े लक्ष्य का पीछा करने में असमर्थ रही।
भारत ने इस जीत के साथ तीन मैचों की टी-20 सीरीज में 3-0 से क्लीन स्वीप कर लिया। यह सीरीज पूरी तरह से भारतीय टीम के दबदबे का परिचायक रही, जिसमें बांग्लादेश एक भी मैच में भारत को चुनौती देने में नाकाम रहा। भारतीय टीम की इस शानदार जीत पर कप्तान सूर्यकुमार यादव ने खिलाड़ियों की प्रशंसा की और इस सीरीज को भारतीय क्रिकेट के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।
