@ नई दिल्ली :-
केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) और ड्रोन फेडरेशन इंडिया (डीएफआई) ने ड्रोन तकनीक, प्रशिक्षण, नवाचार और सुरक्षा अनुप्रयोगों के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत करने के लिए एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। यह समझौता CISF मुख्यालय, नई दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान हुआ।

समझौते पर CISF की ओर से डी.सी. डी. नायक ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर CISF के महानिदेशक, डीएफआई के प्रेसिडेंट स्मित शाह तथा दोनों संगठनों के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
एमओयू का उद्देश्य ड्रोन प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में ज्ञान साझा करने, क्षमता निर्माण और तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देना है। इसके माध्यम से CISF को ड्रोन और संबंधित उभरती प्रौद्योगिकियों के बारे में विशेषज्ञता हासिल करने तथा सुरक्षा व्यवस्था में इनके प्रभावी उपयोग की दिशा में सहायता मिलने की उम्मीद है।
ड्रोन तकनीक का उपयोग निगरानी, सुरक्षा आकलन, आपातकालीन प्रतिक्रिया और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में तेजी से बढ़ रहा है। ऐसे में इस सहयोग को CISF की तकनीकी क्षमताओं को आधुनिक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

समझौते के तहत प्रशिक्षण और नवाचार पर विशेष जोर दिया जाएगा। इससे CISF के कर्मियों को ड्रोन संचालन तथा उससे संबंधित सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए आवश्यक कौशल और तकनीकी जानकारी प्राप्त करने में मदद मिलेगी।
CISF देश के महत्वपूर्ण औद्योगिक प्रतिष्ठानों, हवाई अड्डों और अन्य संवेदनशील परिसरों की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। डीएफआई के साथ यह साझेदारी उन्नत हवाई तकनीकों का लाभ उठाकर सुरक्षा अनुप्रयोगों को और प्रभावी बनाने में सहायक होगी।
