@ पटना बिहार
मुख्यमंत्री ने किसानों के हितों की रक्षा और उनकी आय में वृद्धि के लिए हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुंचाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि कृषि उत्पादन बढ़ाने और किसानों को मौसम की अनिश्चितताओं से बचाने के लिए मजबूत सिंचाई व्यवस्था बेहद जरूरी है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि मॉनसून की अनिश्चितता को देखते हुए सभी राजकीय नलकूप पूरी तरह क्रियाशील अवस्था में रहें, ताकि किसानों को पटवन के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने स्पष्ट किया कि सिंचाई सुविधाओं में लापरवाही किसानों की फसलों को प्रभावित कर सकती है, इसलिए समय पर रख-रखाव और निगरानी सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने वार्ड स्तर पर मैनेजमेंट कमिटी गठित करने का भी निर्देश दिया, ताकि ट्यूबवेलों के संचालन एवं रख-रखाव को प्रभावी बनाया जा सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्थानीय स्तर पर निगरानी से संसाधनों का बेहतर उपयोग होगा और किसानों को समय पर सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने तालाब, आहर, पईन एवं पोखरों के संरक्षण और बेहतर रख-रखाव पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने जल संरक्षण को ग्रामीण विकास और कृषि मजबूती का महत्वपूर्ण आधार बताया।
मुख्यमंत्री ने पंचायती राज विभाग को अपना इंजीनियरिंग सेल विकसित करने का निर्देश देते हुए कहा कि पंचायत स्तर पर तकनीकी एवं निर्माण कार्यों को और अधिक सुदृढ़ बनाया जाए, ताकि विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके।
