@ भोपाल मध्यप्रदेश :-
साइबर अपराधों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई और आमजन की आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा लगातार त्वरित एवं परिणामोन्मुखी प्रयास किए जा रहे हैं। इसी क्रम में नरसिंहपुर पुलिस ने साइबर ठगी के एक मामले में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त करते हुए पीड़ित युवक के बैंक खाते से धोखाधड़ी कर निकाली गई संपूर्ण राशि 4 लाख 39 हजार वापस कराने में सफलता हासिल की है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार नरसिंहपुर जिले के ग्राम खंचारी निवासी युवक के मोबाइल फोन पर शादी के निमंत्रण के नाम से एक संदिग्ध APK फाइल प्राप्त हुई थी। डिजिटल निमंत्रण समझकर फाइल पर क्लिक करते ही उसका मोबाइल फोन साइबर अपराधियों के नियंत्रण में चला गया। इसके बाद ठगों ने बैंक खाते से 16 अलग-अलग ट्रांजेक्शनों के माध्यम से कुल 4 लाख 39 हजार रूपए की राशि धोखाधड़ीपूर्वक निकाल ली।
घटना की जानकारी मिलते ही पीड़ित द्वारा पुलिस से संपर्क किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना के निर्देशन में साइबर सेल की विशेष टीम ने तत्काल कार्रवाई प्रारंभ की। टीम द्वारा संबंधित बैंक एवं वित्तीय संस्थानों से समन्वय स्थापित कर संदिग्ध खातों को चिन्हित किया गया तथा आवश्यक तकनीकी एवं वित्तीय प्रक्रिया अपनाते हुए राशि को होल्ड कराया गया।
नरसिंहपुर पुलिस की त्वरित, सतर्क एवं प्रभावी कार्यवाही के परिणामस्वरूप पीड़ित की संपूर्ण राशि 4 लाख 39 हजार वापस कराई गई। अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने पर पीड़ित एवं उनके परिजनों ने मध्यप्रदेश पुलिस के प्रति आभार व्यक्त किया।

मध्यप्रदेश पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी अज्ञात लिंक, APK फाइल, डिजिटल निमंत्रण, मैसेज अथवा मोबाइल एप्लीकेशन को बिना सत्यापन डाउनलोड या ओपन न करें। साइबर अपराधी विभिन्न प्रकार के प्रलोभन, ऑफर, नौकरी, लॉटरी, बैंक अपडेट, केवाईसी अथवा विवाह निमंत्रण जैसे माध्यमों का उपयोग कर लोगों को धोखाधड़ी का शिकार बना रहे हैं।
पुलिस ने नागरिकों को सलाह दी है कि किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी होने पर समय गंवाए बिना तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें अथवा राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं।
