पुलिस प्रशिक्षण शाला भौंरी में चतुर्थ नव आरक्षक बैच का दीक्षांत परेड समारोह संपन्‍न

@ भोपाल मध्यप्रदेश :-

स्‍वाभिमान से ऊँचा मस्‍तक, अनुशासित कदम, अदम्य साहस से भरा सीना और देशभक्ति के जज्‍बे के साथ जब आर्कषक दीक्षांत परेड आगे बढ़ी तो सभी रोमांचित हो गए। मौका था पुलिस प्रशिक्षण शाला भौंरी भोपाल में चतुर्थ नव आरक्षकों के भव्‍य दीक्षांत समारोह का। पुलिस आयुक्त नगरीय पुलिस भोपाल संजय कुमार ने बतौर मुख्‍य अतिथि दीक्षांत परेड की सलामी ली और खुली जिप्‍सी में सवार होकर परेड का निरीक्षण किया। दीक्षांत परेड समारोह के बाद 521 आरक्षक विधिवत रूप से मध्‍यप्रदेश पुलिस की मुख्‍य धारा में शामिल हो गए। जिनमें 322 महिला नव आरक्षक एवं 199 पुरूष आरक्षक शामिल हैं।
समारोह को संबोधित करते हुए पुलिस आयुक्‍त संजय कुमार ने कहा कि “Passing Out Parade अर्थात दीक्षांत परेड पुलिस विभाग में भर्ती प्रत्येक पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण क्षण होता है। प्रशिक्षण पूर्ण होने के पश्चात एक पुलिसकर्मी पूर्ण रूप से तैयार होकर फील्ड में जाता है, जहां उसे समाज की अपेक्षाओं पर खरा उतरना होता है।”
उन्होंने कहा कि पुलिस ऐसा विभाग है, जिससे जनसामान्य की अपेक्षाएं अत्यधिक होती हैं। कमजोर एवं पीड़ित व्यक्ति के लिए विषम परिस्थितियों में पुलिस ही उम्मीद की किरण बनती है। आपराधिक न्याय प्रणाली में पीड़ितों को न्याय दिलाने का प्रथम सोपान पुलिस है। किसी दुर्घटना या अनहोनी के समय वर्दीधारी पुलिस जवान घायल एवं पीड़ित व्यक्तियों को साहस और भरोसा प्रदान करता है।
संजय कुमार ने कहा कि पुलिस की वर्दी केवल किसी व्यक्ति का नहीं, बल्कि पूरे पुलिस विभाग का प्रतिनिधित्व करती है। एक पुलिसकर्मी के आचरण एवं कार्यशैली से ही विभाग की छवि निर्मित होती है। अतः सभी नव आरक्षकों को ईमानदारी, संवेदनशीलता, अनुशासन एवं जनसेवा की भावना के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए।
उप निदेशक डॉ संजय कुमार अग्रवाल ने कहा कि प्रशिक्षण के दौरान नव आरक्षकों को आधुनिक पुलिसिंग की अवधारणा एवं व्यवहारिक दक्षताओं के अनुरूप तैयार किया गया, जिससे वे भविष्य में कुशल एवं जनसेवा के प्रति समर्पित पुलिसकर्मी के रूप में अपनी भूमिका निभा सकें। उन्‍होंने सभी प्रशिक्षुओं को शपथ दिलाई।
पुलिस प्रशिक्षण शाला भौंरी में चतुर्थ नव आरक्षक बैच का प्रशिक्षण 30 जून 2025 से प्रारंभ हुआ था, जो दीक्षांत परेड के साथ पूर्ण हुआ। प्रशिक्षण अवधि के दौरान प्रशिक्षुओं को पुलिस कार्य प्रणाली, कानून व्यवस्था, साइबर अपराध, सामुदायिक पुलिसिंग एवं व्यवहारिक पुलिस कार्यों से संबंधित थाना प्रबंधन जैसे विषयों का व्यापक प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इसके अतिरिक्त बाह्य प्रशिक्षण के अंतर्गत शारीरिक दक्षता, आर्म्स प्रशिक्षण, यूएसी, योगा तथा हार्टफुलनेस का विशेष प्रशिक्षण भी दिया गया, जिससे प्रशिक्षुओं में अनुशासन, मानसिक संतुलन एवं सेवा भावना का विकास हो सके।
अंत में मुख्‍य अतिथि एवं उप निदेशक डॉ संजय कुमार अग्रवाल ने प्रशिक्षण में उत्कृष्ट रहे प्रशिक्षु नवआरक्षकों को शील्ड व प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया।
समारोह में इनकी भी रही मौजूदगी
पुलिस महानिरीक्षक रूचिवर्धन मिश्र, उप पुलिस महानिरीक्षक (पीएसओ टू डीजीपी) डॉ. विनीत कपूर, उप पुलिस महानिरीक्षक प्रशिक्षण मनीष कुमार अग्रवाल, कमाण्डेंट सशस्त्र सीमा बल देवानन्द, सहायक निदेशक प्रशिक्षण रश्मि पाण्डेय, एसपी पीटीएस यास्मीन ज़हरा, सहायक निदेशक बाह्य प्रशिक्षण ज्योति उमठ एवं संस्थान के स्टाफ सहित अन्‍य वरिष्‍ठ पुलिस अधिकारी गरिमामयी दीक्षांत समारोह के साक्षी बने। साथ ही प्रशिक्षु नवआरक्षकों के परिजन भी उत्‍साहवर्धन के लिए पहुंचे थे।
इन्‍हें मिले पुरस्‍कार
मुख्‍य अतिथि ने सत्र का सर्वश्रेष्‍ठ प्रशिक्षणार्थी का पुरस्‍कार नव आरक्षक रामनिवास मिश्रा को प्रदान किया। इसके अलावा बाह्य प्रशिक्षण में सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षु का पुरस्कार नव आरक्षक मनीष राठौर तथा आंतरिक प्रशिक्षण में सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षु का पुरस्कार महिला नव आरक्षक माधुरी को प्रदान किया गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

LIVE OFFLINE
track image
Loading...