@ सिद्धार्थ पाण्डेय /चाईबासा (पश्चिम सिंहभूम ) झारखंड
आदिवासी संयुक्त मंच किरीबुरू एवं मेघाहातुबुरू के तत्वावधान, सेल, कम्युनिटि सेन्टर मेघाहातुबुरु में अन्तराष्ट्रीय आदिवासी दिवस, समारोह बहुत ही धूमधाम से मनाया गया । मुख्य अतिथि नोवामुण्डी प्रखण्ड प्रमुख पुनम गिलुवा और विशिष्ट अतिथि महाप्रबंधक सेल किरीबुरू राम सिंह के द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया गया।

मेघाहातुबुरु मुखिया लिपी मुंडा एवं किरीबुरु मुखिया पार्वती किरो के अगुआई में कार्यक्रम की शुरुआत की गई।इस अवसर पर नोवामुण्डी प्रखण्ड प्रमुख पुनम गिलुवा ने आदिवासी दिवस की महत्ता ग्रामीणों को बताई। उन्होंने कहा कि आदिवासियों के अधिकारों को बढ़ावा देने उनके सुरक्षा एवं पर्यावरण संरक्षण देने व जैसे विश्व के मुद्दों को बेहतर बनाने के लिए मनाया जाता है।
विशिष्ट अतिथि राम सिंह ने कहा अंतरराष्ट्रीय आदिवासी दिवस 1994 लगातार किरीबुरु मेंघाहातुबुरु मे मनाया जा रहा है ।आज के समय आदिवासी में काफी बदलाव आया है ,आदिवासी सरना समिति के पुजारियों ने सिंडबोंगा (सूर्यदेवता) एवं जल जंगल जमीन का पूजा और अरजी-गोवरी,प्रार्थना गीत से अतिथियों का स्वागत किया ।अध्यक्ष इलियस चम्पिया और महासचिव बीर सिंह मुण्डा ने झारखंडी तौलिया गले में लपेट कर अतिथियों को सम्मानित किया ।

कार्यक्रम जीरेन सिंकु ने पौधा देकर और लिपि मुण्डा ने साॅल ओढ़ाकर मुख्य अतिथि प्रखण्ड प्रमुख पुनम गिलुवा को सम्मानित किया । दर्जनो आदिवासी नृत्य – गीत एवं पोस्टर मेकिंग ने सबों का मन मोहा । मंच संचालन एस होरो और कन्हाई विरुवा ने किया।
डांस प्रतियोगिता का एलौंसर इलिजाबेथ पुरती और पी सी मांझी के लीडरशीप में कॉम्पीटिशन सम्पन्न हुआ । मौके पर बच्चों की चित्रांकन, कविता, निबंध लेखन, आदिवासी परिधानों में सुन्दरता पेश करने की प्रतियोगिता आयोजित क गई। सबसे आकर्षक आदिवासी खाध्य पदार्थो को बना प्रदर्शन करना रहा।
किरीबुरु मुखिया पार्वती किरो के द्वारा स्वागत भाषण अंतरराष्ट्रीय आदिवासी दिवस पर दिया गया। महिलाओं को पुरुषों से भी अधिक गृहणी कार्य से उपर बढकर कार्य करना चाहिए । सरना समिति के अध्यक्ष मानसिंह मुण्डू ने पर्या्वरण संतुलन बनाये रखने के लिए सेल प्रबंधन को पौधा प्रदान किया गया है ।
मेघाहातुबुरू क्षेत्रों में आदिवासियों की शिक्षा का बढ़ावा शिक्षको के हाथों है शिक्षको को भी सम्मानित किया गया है ,समारोह में सर्व सहमति से सबों ने सामाजिक एकता ,भाषा संस्कृति , एवं आदिवासियों का अधिकारों के प्रति एक जुट होकर संघर्ष करते रहने का प्रण कियाकार्यक्रम मे योगेश राम, संजय कुमार व अन्य दर्जनों अभिभावक बच्चे शिक्षक ग्रामीण सेल कर्मी पदाधिकारी व उपस्थित थे।
